मां क्यों चली गई


मैंने ढूंढ लिया आकाश

गया मैं तारों के भी पास

मैंने कितना किया तलाश

कुछ दिन रुक जाती तूं काश

मां क्यों चली गई 

बता क्यों चली गई ।


मुझे तुम सीखा गई तपना

तभी तो सच हो गया सपना

बड़ा सा घर हो गया अपना

तेरी पूरी हो गई है आस

मगर तू नहीं है मेरे पास

मां क्यों चली गई

बता क्यों चली गई 

बता क्यों .....



चिंता इतनी सताती है 

रात भर नींद न आती है

अपनी गोदी में रखकर सर

सुला दो थपकी दे दे कर

काश तू होती मेरे पास

मां क्यों चली गई 

बता क्यों चली गई



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